राशनकार्ड e-KYC में बड़ा बदलाव, अब बुजुर्गों को नहीं जाना पड़ेगा दुकान तक, घर बैठे मिलेगी सुविधा…

राशनकार्ड e-KYC में बड़ा बदलाव, अब बुजुर्गों को नहीं जाना पड़ेगा दुकान तक, घर बैठे मिलेगी सुविधा…

छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के तहत पात्र सभी राशनकार्ड धारकों और उनके परिवार के सदस्यों के लिए आधार आधारित e-KYC अनिवार्य कर दी गई है।

छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के तहत पात्र सभी राशनकार्ड धारकों और उनके परिवार के सदस्यों के लिए आधार आधारित e-KYC अनिवार्य कर दी गई है। इस प्रक्रिया में आ रही तकनीकी दिक्कतों को देखते हुए अब शासन ने वृद्ध, असहाय और बीमार हितग्राहियों को बड़ी राहत दी है। ऐसे हितग्राही अब घर बैठे चेहरे से e-KYC करा सकेंगे।

क्यों जरूरी हुआ नया फैसला

खाद्य विभाग के अनुसार 70 वर्ष से अधिक आयु के कई हितग्राहियों के अंगुलियों के निशान स्पष्ट नहीं होते, जिससे पीओएस मशीन में पहचान मिलान नहीं हो पा रहा था। इसके कारण कई लोगों को राशन लेने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। शासन ने इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए अब फेस ऑथेंटिकेशन आधारित e-KYC की सुविधा शुरू की है।

क्या है नई व्यवस्था

नई व्यवस्था के तहत हितग्राही ‘मेरा e-KYC’ मोबाइल एप के माध्यम से घर बैठे ही चेहरे की पहचान द्वारा अपना सत्यापन कर सकेंगे। यह सुविधा विशेष रूप से उन लोगों के लिए लाभकारी है, जो उम्र या बीमारी के कारण राशन दुकान तक नहीं पहुंच पाते हैं या जिनका फिंगरप्रिंट बार-बार असफल हो रहा है, जिससे उन्हें e-KYC कराने में परेशानी होती थी।

घर बैठे e-KYC करने की आसान प्रक्रिया

घर बैठे e-KYC कराने के लिए हितग्राही को सबसे पहले मोबाइल के प्ले स्टोर से ‘मेरा e-KYC’ और ‘आधार फेस RD’ एप डाउनलोड करना होगा। इसके बाद एप खोलकर आधार नंबर और आवश्यक जानकारी दर्ज करनी होगी। आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर प्राप्त OTP भरने के बाद Face e-KYC विकल्प चुनना होगा, जिससे मोबाइल का कैमरा खुलेगा। स्क्रीन पर दिए गए निर्देशों के अनुसार चेहरा दिखाते ही कुछ ही सेकेंड में पहचान सत्यापन पूरा हो जाएगा।

पहले से e-KYC हुआ है या नहीं, ऐसे करें जांच

हितग्राही एप में आधार नंबर और OTP दर्ज कर यह भी जांच सकते हैं कि उनका e-KYC पहले से पूरा हुआ है या नहीं। यदि प्रक्रिया पूरी हो चुकी है तो स्टेटस में “Y” दिखाई देगा। इस पहल का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी पात्र हितग्राही तकनीकी कारणों से राशन से वंचित न रहे। फेस-आधारित e-KYC से बुजुर्गों, असहायों और बीमार लोगों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।