डबरापारा में छह दिन से जलसंकट, खराब बोर की मोटर बनी परेशानी

पाइपलाइन से जलापूर्ति ठप, वार्डवासियों ने निगम प्रशासन को सौंपा ज्ञापन; तत्काल मोटर सुधारने की मांग

भिलाई-चरोदा। नगर निगम के वार्ड क्रमांक 12 डबरापारा में पिछले छह दिनों से पेयजल संकट गहराया हुआ है। मुक्ति धाम के पास स्थित बोर की मोटर खराब होने से क्षेत्र में नियमित जलापूर्ति बाधित है। पानी नहीं मिलने से रहवासियों को रोजमर्रा की जरूरतों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करनी पड़ रही है। समस्या से नाराज वार्डवासियों ने पार्षद तुलसी राम ध्रुव के नेतृत्व में निगम प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर बोर की मोटर तत्काल दुरुस्त कराने की मांग की है।

छह दिन से बंद है बोर की मोटर

स्थानीय लोगों के मुताबिक डबरापारा में जलापूर्ति के लिए उपयोग होने वाले बोर की मशीन पिछले छह दिनों से खराब पड़ी है। इसके चलते पाइपलाइन के माध्यम से घरों तक पर्याप्त पानी नहीं पहुंच पा रहा है। लगातार जलसंकट के कारण लोगों की परेशानी बढ़ती जा रही है। खासकर महिलाओं को पानी जुटाने के लिए अतिरिक्त मशक्कत करनी पड़ रही है।

निगम कार्यालय पहुंचकर जताया विरोध

जलसंकट को लेकर वार्ड पार्षद तुलसी राम ध्रुव के नेतृत्व में महिलाओं समेत बड़ी संख्या में स्थानीय लोग निगम प्रशासन तक पहुंचे। लोगों ने अपनी समस्या से अधिकारियों को अवगत कराते हुए नारेबाजी की। इसके बाद नगर निगम आयुक्त के नाम निगम अधिकारी को ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में खराब बोर की मोटर की तत्काल मरम्मत कराकर जलापूर्ति सामान्य करने की मांग की गई है।

पानी के अभाव में घरेलू काम प्रभावित

रहवासियों का कहना है कि छह दिनों से पानी की नियमित सप्लाई नहीं होने के कारण पीने के पानी से लेकर खाना बनाने, कपड़े धोने और अन्य घरेलू कार्यों पर असर पड़ रहा है। कई परिवारों को दूसरे स्थानों से पानी लाकर जरूरत पूरी करनी पड़ रही है। लोगों ने कहा कि पेयजल जैसी मूलभूत सुविधा के लिए उन्हें इस तरह परेशान होना पड़ रहा है, जबकि खराब मोटर की जल्द मरम्मत कर समस्या का समाधान किया जा सकता है।

तत्काल समाधान की मांग

वार्डवासियों ने निगम प्रशासन से मांग की है कि मामले को प्राथमिकता देते हुए बोर की मोटर जल्द ठीक कराई जाए और क्षेत्र में नियमित जलापूर्ति बहाल की जाए। लोगों का कहना है कि यदि जल्द व्यवस्था नहीं सुधरी तो आने वाले दिनों में जलसंकट और गंभीर हो सकता है। रहवासियों ने निगम से तत्काल कार्रवाई कर राहत पहुंचाने की मांग की है।