दुर्ग में 55 लाख की जमीन ठगी का खुलासा, फर्जी दस्तावेजों से बैंक खाता खोलकर निकाली रकम

पटवारी हल्का 20 की जमीन को लेकर रची गई साजिश असली भू-स्वामियों के नाम पर तैयार किए गए फर्जी दस्तावेज

दुर्ग में 55 लाख की जमीन ठगी का खुलासा, फर्जी दस्तावेजों से बैंक खाता खोलकर निकाली रकम

दुर्ग-भिलाई। सुपेला थाना क्षेत्र में जमीन के फर्जी सौदे के जरिए 55 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस प्रकरण में तीसरे आरोपी अजमेर सिंह (60), निवासी रिसाली को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है।

इससे पहले इसी मामले में कुलदीप सिंह सोनी और जोगी सिंह सोनी को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है।

 फर्जी पहचान के सहारे रचा गया खेल

जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने पटवारी हल्का क्रमांक 20, कातुल बोर्ड क्षेत्र की खसरा नंबर 144/7 और 144/03 की भूमि को बेचने की योजना बनाई थी। यह जमीन राजस्व रिकॉर्ड में संदीप जैन और अनुराग जैन के नाम दर्ज है।

गिरोह ने इन्हीं नामों से नकली आधार कार्ड और पैन कार्ड तैयार करवाए। इन दस्तावेजों के आधार पर ICICI Bank में बैंक खाता खुलवाया गया।

 इकरारनामा और किश्तों में भुगतान

आरोपियों ने ज्ञानेश्वर सिंह को भरोसे में लेकर 24 जनवरी 2020 को इकरारनामा तैयार किया। जमीन सौदे में भारी लाभ का लालच देकर नकद और बैंक ट्रांसफर के माध्यम से अलग-अलग किश्तों में कुल 55 लाख रुपये ले लिए।

रकम बैंक खाते में जमा होते ही उसे निकाल लिया गया। लंबे समय तक पीड़ित को इस धोखाधड़ी की जानकारी नहीं हो सकी।

 

  दस्तावेजों की जांच में खुली पोल

जब जमीन के असली दस्तावेजों की जांच की गई, तब फर्जीवाड़े का पर्दाफाश हुआ। शिकायत के आधार पर सुपेला थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया गया।

पुलिस ने आरोपियों के पास से फर्जी आधार कार्ड, पैन कार्ड और बैंक से जुड़े दस्तावेज जब्त किए हैं।

 अन्य मामलों की भी जांच

पुलिस अब यह जांच कर रही है कि क्या इसी गिरोह ने अन्य लोगों को भी इसी तरह निशाना बनाया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की तह तक पहुंचने के लिए बैंक रिकॉर्ड और डिजिटल साक्ष्यों की बारीकी से जांच की जा रही है।