अब Raipur एयरपोर्ट पर नहीं बनेंगी Reels! हवाई यात्रियों के लिए बड़ा बदलाव, नई गाइडलाइन जारी

अब Raipur एयरपोर्ट पर नहीं बनेंगी Reels! हवाई यात्रियों के लिए बड़ा बदलाव, नई गाइडलाइन जारी

रायपुर में हवाई यात्रियों के लिए नई गाइडलाइन जारी की गई है, जिसके तहत एयरपोर्ट के संवेदनशील क्षेत्रों में रील्स, वीडियो और फोटो बनाने पर प्रतिबंध लगाया गया है। यात्रियों से नियमों का पालन करने की अपील की गई है।

छत्तीसगढ़ के रायपुर में हवाई यात्रियों के लिए नई गाइडलाइन जारी की गई है। डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) और ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्योरिटी (BCAS) ने नियमों को सख्त करते हुए एयरपोर्ट के कई संवेदनशील क्षेत्रों में रील्स, वीडियो और फोटो बनाने पर प्रतिबंध लगा दिया है। सुरक्षा कारणों से यह कदम उठाया गया है ताकि एयरपोर्ट संचालन में किसी तरह की बाधा न आए। यात्रियों से इन नियमों का पालन करने की अपील की गई है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था मजबूत बनी रहे और सभी प्रक्रियाएं सुचारू रूप से पूरी हो सकें।

सुरक्षा होल्ड एरिया में पूरी तरह बैन

नई गाइडलाइन के अनुसार एयरपोर्ट के सुरक्षा होल्ड एरिया में रील्स या वीडियो बनाना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। यह वही क्षेत्र है जहां CISF यात्रियों और उनके सामान की जांच करती है। इस दौरान किसी भी तरह की रिकॉर्डिंग सुरक्षा कारणों से वर्जित होगी।

बोर्डिंग और एयरक्राफ्ट क्षेत्र में भी रोक

विमान के पार्किंग एरिया, बस से विमान तक जाने वाले मार्ग और बोर्डिंग प्रक्रिया के दौरान रुककर फोटो या वीडियो बनाना भी अब मना होगा। हालांकि, यात्री उड़ान के दौरान अपनी सीट या खिड़की से सामान्य फोटो या वीडियो ले सकते हैं।

क्रू के निर्देशों का पालन अनिवार्य

यदि केबिन क्रू किसी यात्री को कैमरा बंद करने के लिए कहता है, तो उसका तुरंत पालन करना अनिवार्य होगा। क्रू के निर्देशों की अवहेलना करने पर यात्री को ‘अनरूली पैसेंजर’ की श्रेणी में रखा जा सकता है। ऐसी स्थिति में संबंधित यात्री के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सकती है और एयरलाइन नियमों के अनुसार यात्रा पर प्रतिबंध भी लगाया जा सकता है। यह नियम सुरक्षा और अनुशासन बनाए रखने के उद्देश्य से लागू किया गया है।

नियम तोड़ने पर सख्त कार्रवाई

नियमों का उल्लंघन करने पर DGCA की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत 3 महीने से लेकर 2 साल या उससे अधिक समय तक हवाई यात्रा पर प्रतिबंध लगाया जा सकता है। इसके अलावा CISF द्वारा मोबाइल या अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए जा सकते हैं और विमान अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।

सुरक्षा को प्राथमिकता

अधिकारियों का कहना है कि इन नियमों का उद्देश्य एयरपोर्ट और उड़ानों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। यात्रियों से अपील की गई है कि वे नियमों का पालन करें और किसी भी प्रकार की असुविधा से बचें।