जन्माष्टमी-गणेश उत्सव में रात 10 बजे के बाद DJ पर रोक

50 से अधिक DJ संचालकों की पुलिस ने ली बैठक, तय डेसीबल सीमा का करना होगा पालन; स्कूल-अस्पतालों के पास तेज आवाज पर पाबंदी

जन्माष्टमी-गणेश उत्सव में रात 10 बजे के बाद DJ पर रोक

राजनांदगांव। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी और गणेश उत्सव के दौरान शहर में ध्वनि प्रदूषण रोकने पुलिस ने DJ संचालकों पर शिकंजा कस दिया है। पुलिस ने 50 से अधिक DJ संचालकों की बैठक लेकर स्पष्ट निर्देश दिए कि रात 10 बजे के बाद DJ या ध्वनि विस्तारक यंत्र नहीं बजाए जा सकेंगे। निर्धारित डेसीबल सीमा से अधिक आवाज और नियमों का उल्लंघन करने पर संचालक के साथ आयोजक पर भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

जन संवाद कक्ष में आयोजित बैठक में अधिकारियों ने सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों और ध्वनि प्रदूषण नियंत्रण नियमों की जानकारी दी। बैठक अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर और नगर पुलिस अधीक्षक वैशाली जैन की अध्यक्षता में हुई। यह बैठक पुलिस महानिरीक्षक अजय यादव और पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश पर आयोजित की गई।

रात 10 से सुबह 6 बजे तक प्रतिबंध

पुलिस ने बताया कि रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्रों के इस्तेमाल की अनुमति नहीं रहेगी। DJ और साउंड सिस्टम की आवाज भी निर्धारित डेसीबल सीमा के भीतर रखनी होगी। आयोजकों को कार्यक्रम के लिए आवश्यक अनुमति और निर्धारित समय का भी पालन करना होगा।

स्कूल-अस्पतालों के आसपास विशेष सावधानी

स्कूल, कॉलेज, अस्पताल और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों के आसपास तेज आवाज में DJ बजाने पर रोक रहेगी। पुलिस ने कार्यक्रम स्थल पर जरूरत से ज्यादा DJ बॉक्स और स्पीकर लगाने से भी मना किया है।

नियम तोड़ा तो दोनों पर कार्रवाई

पुलिस अधिकारियों ने कहा कि त्योहार धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सौहार्द से जुड़े होते हैं। ऐसे में उत्सव के दौरान आम लोगों की शांति, स्वास्थ्य और सुविधा प्रभावित नहीं होनी चाहिए। तय समय, अनुमति और ध्वनि सीमा का उल्लंघन करने पर DJ संचालक और आयोजक दोनों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

बैठक में शामिल DJ संचालकों ने पुलिस के निर्देशों का पालन करने पर सहमति जताई। उन्होंने निर्धारित समय और ध्वनि सीमा के भीतर ही DJ संचालन करने का भरोसा दिलाया।