RBI का सरकार को बड़ा तोहफा: ₹2.87 लाख करोड़ डिविडेंड से मजबूत होगा खजाना

रिकॉर्ड मुनाफे का हिस्सा केंद्र को देगा रिजर्व बैंक, वैश्विक संकट के बीच अर्थव्यवस्था को मिलेगी राहत

RBI का सरकार को बड़ा तोहफा: ₹2.87 लाख करोड़ डिविडेंड से मजबूत होगा खजाना

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने केंद्र सरकार को वित्त वर्ष 2025-26 के लिए ₹2.87 लाख करोड़ का रिकॉर्ड डिविडेंड देने का फैसला किया है। यह अब तक का सबसे बड़ा भुगतान माना जा रहा है। ऐसे समय में जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ईरान-इजराइल तनाव और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें अर्थव्यवस्था पर दबाव बना रही हैं, RBI की यह घोषणा सरकार के लिए बड़ी राहत साबित हो सकती है।

RBI ने फिर बढ़ाया सरकार का खजाना

शुक्रवार को हुई RBI सेंट्रल बोर्ड की बैठक में केंद्र सरकार को ₹2,86,588.46 करोड़ का डिविडेंड देने की मंजूरी दी गई। यह राशि पिछले वर्ष की तुलना में करीब 7 प्रतिशत अधिक है।

पिछले वित्त वर्ष में रिजर्व बैंक ने सरकार को लगभग ₹2.69 लाख करोड़ का डिविडेंड दिया था।

विशेषज्ञों का मानना है कि इस अतिरिक्त आय से सरकार को राजकोषीय घाटा नियंत्रित करने और विकास योजनाओं पर खर्च बढ़ाने में मदद मिलेगी।

वैश्विक संकट के बीच राहत की खबर

अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच यह फैसला भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए राहतभरा माना जा रहा है। सरकार को मिलने वाली यह बड़ी रकम इंफ्रास्ट्रक्चर, सामाजिक योजनाओं और आर्थिक सुधारों में उपयोग की जा सकती है।

RBI को कैसे होता है मुनाफा

रिजर्व बैंक विदेशी मुद्रा भंडार के निवेश, सरकारी बॉन्ड, ब्याज आय और मुद्रा प्रबंधन से कमाई करता है। संचालन खर्च और आकस्मिक फंड अलग रखने के बाद बची राशि केंद्र सरकार को डिविडेंड के रूप में दी जाती है।

सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया में हिस्सेदारी बेचने की तैयारी

इसी बीच केंद्र सरकार ने सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया में अपनी 8 प्रतिशत हिस्सेदारी ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए बेचने का फैसला भी लिया है। माना जा रहा है कि इससे सरकार को अतिरिक्त राजस्व प्राप्त होगा और विनिवेश लक्ष्य को पूरा करने में मदद मिलेगी।

बाजार बंद, निवेशकों की नजर अगले सप्ताह पर

शनिवार होने के कारण आज शेयर बाजार बंद रहेगा, लेकिन RBI के रिकॉर्ड डिविडेंड और सरकारी फैसलों का असर अगले कारोबारी सप्ताह में बाजार की चाल पर देखने को मिल सकता है।