शहीद की पत्नी ने CM साय को बांधी राखी, 800 जवानों की कलाई भी सजी; बोले- आज मिली सगी बहन से बढ़कर बहन

रायपुर के इंडोर स्टेडियम में ‘स्नेह की डोर विष्णु भैया मोर’ कार्यक्रम, स्कूली छात्राओं ने CISF, BSF और छत्तीसगढ़ पुलिस के जवानों को बांधी राखी; सीएम ने जवानों के साहस और बलिदान को किया नमन

शहीद की पत्नी ने CM साय को बांधी राखी, 800 जवानों की कलाई भी सजी; बोले- आज मिली सगी बहन से बढ़कर बहन

दुर्ग। रक्षाबंधन के मौके पर रायपुर के इंडोर स्टेडियम में भाई-बहन के रिश्ते और देश की सुरक्षा में जुटे जवानों के सम्मान का अनूठा संगम देखने को मिला। ‘स्नेह की डोर विष्णु भैया मोर’ कार्यक्रम में स्कूली छात्राओं ने CISF, BSF और छत्तीसगढ़ पुलिस के करीब 800 जवानों की कलाई पर राखी बांधी। इसी दौरान शहीद जवान युगल किशोर वर्मा की पत्नी माधुरी वर्मा ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को राखी बांधकर भाई-बहन के रिश्ते की डोर मजबूत की।

शहीद की पत्नी से राखी बंधवाकर भावुक हुए मुख्यमंत्री

माधुरी वर्मा ने जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की कलाई पर राखी बांधी तो कार्यक्रम का माहौल भावुक हो गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी कोई सगी बहन नहीं है। परिवार में वे भाई-भाई हैं, लेकिन आज माधुरी वर्मा के रूप में उन्हें सगी बहन से भी बढ़कर एक बहन मिली है।

उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन केवल राखी बांधने का पर्व नहीं, बल्कि विश्वास, स्नेह और जिम्मेदारी का रिश्ता मजबूत करने का अवसर है।

800 जवानों की कलाई पर सजी बहनों की राखी

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्कूली छात्राएं शामिल हुईं। छात्राओं ने CISF, BSF और छत्तीसगढ़ पुलिस के करीब 800 जवानों को राखी बांधी। जवानों ने भी बहनों को उनकी सुरक्षा और सम्मान के लिए हमेशा तत्पर रहने का भरोसा दिलाया।

राखी बांधने पहुंचीं बच्चियों के लिए यह अवसर खास रहा। देश की सुरक्षा में तैनात जवानों को भाई मानकर उन्होंने उनकी कलाई पर प्रेम और विश्वास की राखी बांधी।

जवानों के साहस और बलिदान को किया नमन

मुख्यमंत्री साय ने नक्सलवाद के खिलाफ अभियान में जवानों की भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों के साहस, संघर्ष और बलिदान का असर अब बस्तर में दिखाई दे रहा है। लंबे समय से चुनौती बने नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई निर्णायक दिशा में आगे बढ़ रही है।

सीएम ने कहा कि जवानों ने अपने कर्तव्य के साथ-साथ प्रदेश की बहनों और परिवारों को सुरक्षित माहौल देने में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

बस्तर में विकास को मिलेगी नई गति

मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर में लंबे समय तक विकास कार्य प्रभावित रहे, लेकिन अब परिस्थितियां बदल रही हैं। सरकार का लक्ष्य सुरक्षा के साथ-साथ सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य जरूरी सुविधाओं का विस्तार करना है, ताकि बस्तर के लोगों को विकास की मुख्यधारा से और मजबूती से जोड़ा जा सके।

महिलाओं की योजनाओं का भी किया उल्लेख

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने महिलाओं के आर्थिक सशक्तीकरण के लिए संचालित योजनाओं की जानकारी भी साझा की। उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब तक 13 लाख 85 हजार महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं। वहीं महतारी वंदन योजना के तहत 68 लाख महिलाओं को हर महीने एक हजार रुपए की आर्थिक सहायता दी जा रही है।

रक्षाबंधन के अवसर पर महतारी वंदन योजना की 31वीं किस्त के रूप में 631 करोड़ रुपए महिलाओं के खातों में अंतरित किए जाने की बात भी मुख्यमंत्री ने कही।

दिव्यांग बच्चों की प्रस्तुतियों ने बांधा समां

कार्यक्रम में मंत्री केदार कश्यप, विधायक सुनील सोनी और विधायक पुरंदर मिश्रा समेत अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। मूकबधिर और दिव्यांग बच्चों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर कार्यक्रम को विशेष बना दिया। इस दौरान जिला प्रशासन की पांच योजनाओं और परियोजनाओं का शुभारंभ भी किया गया।

रक्षाबंधन के इस आयोजन में एक ओर जहां जवानों की कलाई पर बहनों के स्नेह की डोर बंधी, वहीं शहीद की पत्नी और मुख्यमंत्री के बीच बने भाई-बहन के रिश्ते ने कार्यक्रम को भावनात्मक और यादगार बना दिया।