गूगल मैप के भरोसे छूटी थी परीक्षा, री-नीट से पहले छत्तीसगढ़ के छात्र जान लें क्या करें और क्या नहीं
रायपुर में होने वाली री-नीट परीक्षा से पहले छात्रों के लिए एक अहम चेतावनी सामने आई है। पिछली परीक्षा में कई अभ्यर्थी सिर्फ गूगल मैप पर भरोसा करने के कारण परीक्षा केंद्र तक समय पर नहीं पहुंच पाए थे और उनका एग्जाम छूट गया था।
राजधानी में री- नीट परीक्षा की प्रशासनिक तैयारियां चल रही हैं। पिछली बार केंद्रों तक पहुंचने के लिए गूगल मैप्स पर निर्भर रहने वाले अभ्यर्थी देरी से पहुंचे और एग्जाम नहीं दे पाए। गूगल मैप पर भरोसा करना इतना महंगा पड़ा था कि सेंटर कैंपस के दो साइड वाले दरवाजे के कारण वे लेटलतीफी के शिकार हो गए थे।
21 जून को दोबारा होने वाली परीक्षा के लिए जिले 25 सेंटर बनाए गए हैं। जिसमें 9050 अभ्यर्थी शामिल होंगे। जानकारों का कहना है कि बाहर से रायपुर आए अभ्यर्थियों को रिपोर्टिंग टाइम से दो घंटे पहले ही पहुंच जाना चाहिए जबकि रायपुर के अभ्यर्थियों को एक दिन पहले ही सेंटर देख लेना चाहिए।
केस 1 : ‘1 मिनट लेट वाली छात्रा’ का वायरल केस
पिछली परीक्षा में रायपुर के एक केंद्र पर एक छात्रा महज एक मिनट की देरी से पहुंची। गूगल मैप्स ने गलत रूट या गेट दिखाया, जिससे एंट्री नहीं मिली। गेट पर रोते हुए उसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। यह केस उन सभी छात्रों के लिए सबक है जो सिर्फ मैप पर भरोसा करते हैं।
केस 2 : गलत ब्लॉक या एंट्री पॉइंट
कई अभ्यर्थी मुख्य गेट पर पहुंचे, लेकिन गूगल मैप्स गलत ब्लॉक या एंट्री पॉइंट दिखा रहा था। 20-40 मिनट लेट हो गए।
केस 3: दूर से आए छात्रों का ट्रैफिक मैप फेल
दुर्ग, भिलाई, बिलासपुर आदि जगहों से आने वाले छात्र पुराने रोड या इग्नोर किए गए बायपास पर फंस गए। 45 मिनट से 1 घंटा लेट होना आम रहा, जिससे परीक्षा देने का मौका चला गया।
NEET Exam Day Guidelines: क्या करें
एडमिट कार्ड सबसे पहले- पूरा पता, केंद्र नाम और लैंडमार्क नोट करें।
पहले से रेकी- परीक्षा से 1-2 दिन पहले केंद्र का दौरा करें।
जल्दी निकलें- कम से कम 1.5-2 घंटा पहले घर से निकलें।
लोकल मदद लें- मैप के अलावा टैक्सी/ऑटो ड्राइवर या स्थानीय लोगों से पूछें।
दोबारा कन्फर्म - एनटीए हेल्पलाइन या केंद्र प्रभारी से संपर्क करें।
क्या न करें
सिर्फ गूगल मैप पिन पर क्लिक करके निकलना।
आखिरी समय में पहुंचने की कोशिश करना।
अनजान रूट पर पूरा भरोसा करना।
समय का ख्याल रखें
गूगल मैप सुविधाजनक है लेकिन नीट जैसे एग्जाम में यह घातक साबित हो सकता है। अभ्यर्थियों को चाहिए कि वे एक दिन पहले ही सेंटर्स देख आएं। परीक्षा वाले दिन एंट्री टाइम में ही कैम्पस के बाहर पहुंच जाएं। -कुणाल सिंह, कोचिंग सेंटर मैनेजर
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