सरगुजा में गूंजेगा खेलों का उत्साह! खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026 के तहत कुश्ती प्रतियोगिता का आगाज

सरगुजा में गूंजेगा खेलों का उत्साह! खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026 के तहत कुश्ती प्रतियोगिता का आगाज

सरगुजा जिले का मुख्यालय अंबिकापुर एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर के खेल आयोजन का केंद्र बनने जा रहा है। 28 मार्च से ‘खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026’ के अंतर्गत कुश्ती प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ गांधी स्टेडियम में होगा।

छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले का मुख्यालय अंबिकापुर एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर के खेल आयोजन का केंद्र बनने जा रहा है। 28 मार्च से ‘खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026’ के अंतर्गत कुश्ती प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ गांधी स्टेडियम में होगा। चार दिनों तक चलने वाले इस आयोजन में देशभर से आए जनजातीय पहलवान अपनी ताकत और कौशल का प्रदर्शन करेंगे।

देशभर के 144 पहलवान दिखाएंगे दमखम

इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में जम्मू-कश्मीर, मध्यप्रदेश, झारखंड, असम, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, हिमाचल प्रदेश, मेघालय, गुजरात, ओडिशा, मिजोरम, बिहार, अरुणाचल प्रदेश, तेलंगाना, महाराष्ट्र और मेजबान छत्तीसगढ़ सहित विभिन्न राज्यों के कुल 144 पुरुष एवं महिला पहलवान हिस्सा ले रहे हैं। यह आयोजन जनजातीय खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने का सुनहरा अवसर प्रदान कर रहा है।

चार दिन चलेगा मुकाबलों का रोमांच

कुश्ती प्रतियोगिता 28 मार्च से 31 मार्च तक आयोजित की जाएगी, जिसमें मुकाबले प्रतिदिन तीन चरणों में खेले जाएंगे। पहला चरण सुबह 08:00 से 09:00 बजे तक, दूसरा चरण सुबह 11:00 से दोपहर 02:00 बजे तक और तीसरा चरण शाम 04:00 बजे से खेल समाप्ति तक चलेगा। पूरे आयोजन के दौरान दर्शकों को रोमांचक और कड़े मुकाबलों का भरपूर आनंद देखने को मिलेगा, जहां पहलवान अपनी ताकत और तकनीक का बेहतरीन प्रदर्शन करेंगे।

लाइव प्रसारण से बढ़ेगा आयोजन का दायरा

इस आयोजन का सीधा प्रसारण डीडी स्पोर्ट्स और प्रसार भारती के माध्यम से किया जाएगा। इससे देश-विदेश के दर्शक भी इस खेल महाकुंभ से जुड़ सकेंगे और जनजातीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन को लाइव देख पाएंगे।

खिलाड़ियों के लिए विशेष व्यवस्थाएं

खेल विभाग द्वारा खिलाड़ियों के ठहरने, भोजन, चिकित्सा और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। अंबिकापुर में सभी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की गई हैं, ताकि खिलाड़ियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो और वे पूरी एकाग्रता के साथ अपने खेल पर ध्यान केंद्रित कर सकें।

खेल के साथ संस्कृति का संगम

सरगुजा जिला इस आयोजन के लिए पूरी तरह तैयार है। यहां न केवल खेलों का रोमांच देखने को मिलेगा, बल्कि क्षेत्र की समृद्ध जनजातीय संस्कृति की झलक भी दर्शकों को आकर्षित करेगी। यह आयोजन खेल और संस्कृति के संगम का बेहतरीन उदाहरण बनेगा।

जनजातीय प्रतिभाओं को मिलेगा राष्ट्रीय मंच

‘खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026’ जनजातीय युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण मंच साबित हो रहा है। इससे न केवल उनकी खेल प्रतिभा को पहचान मिलेगी, बल्कि उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचने का अवसर भी मिलेगा। यह आयोजन छत्तीसगढ़ की मेजबानी क्षमता और खेल प्रतिभाओं को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।