गोंडवाना समाज में चुनावी संग्राम, हाई कोर्ट की रोक से बढ़ा विवाद

अध्यक्ष पद को लेकर दो गुट आमने-सामने, कलेक्टर ने निष्पक्ष चुनाव के दिए निर्देश

दुर्ग में केंद्रीय धमधागढ़ गोंडवाना समाज के भीतर चुनावी प्रक्रिया को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। समाज के दो गुटों के बीच बढ़ते टकराव के बाद मामला हाई कोर्ट पहुंच गया, जहां से वर्तमान चुनाव प्रक्रिया पर स्टे लगा दिया गया है। विवाद के बीच प्रशासन ने हस्तक्षेप करते हुए निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव कराने के निर्देश जारी किए हैं।

दुर्ग। केंद्रीय धमधागढ़ गोंडवाना समाज इन दिनों अंदरूनी कलह और चुनावी विवाद को लेकर सुर्खियों में है। समाज में अध्यक्ष पद को लेकर शुरू हुआ विवाद अब कानूनी दहलीज तक पहुंच चुका है। मामले की गंभीरता को देखते हुए हाई कोर्ट ने फिलहाल चुनाव प्रक्रिया पर रोक लगा दी है, जिससे दोनों पक्षों को अस्थायी राहत मिली है।

विवाद के चलते समाज में गुटबाजी खुलकर सामने आ गई है। समाज का एक बड़ा वर्ग एमडी ठाकुर के समर्थन में उतर आया है। समर्थकों ने उन्हें अध्यक्ष पद पर बनाए रखने की मांग को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। वहीं दूसरी ओर विरोधी गुट ने वर्तमान अध्यक्ष कमलेश ध्रुव के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। नाराज समर्थकों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए उनका पुतला दहन भी किया।

समाज के कुछ सदस्यों का आरोप है कि पिछला चुनाव नियमों के विपरीत और पक्षपातपूर्ण तरीके से संपन्न कराया गया था, जिसके कारण समाज के भीतर असंतोष लगातार बढ़ता गया। इसी विवाद के चलते मामला न्यायालय तक पहुंचा।

प्रशासनिक दखल के बाद अब केंद्रीय गोंड महासभा में नए सिरे से चुनाव कराने की तैयारी शुरू हो गई है। कलेक्टर ने अधिकारियों को निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं। फिलहाल पूरे घटनाक्रम पर समाज और प्रशासन दोनों की नजर बनी हुई है।