WINBUZZ ऐप से ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे का खेल उजागर, दो कर्मचारी गिरफ्तार; ₹4.93 लाख कैश और लाखों के उपकरण जब्त

पुलिस ने 18 मोबाइल, 3 लैपटॉप, आईपैड, 22 एटीएम कार्ड और 10 बैंक पासबुक सहित अन्य सामग्री की जब्त

भिलाई। दुर्ग जिले में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे के अवैध कारोबार पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए WINBUZZ ऐप के जरिए सट्टा संचालित करने वाले गिरोह का खुलासा किया है। रूंगटा कॉलेज के पीछे राजा गार्डन स्थित एक मकान में दबिश देकर पुलिस ने दो युवकों को गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपी मासिक वेतन लेकर ऑनलाइन सट्टे का संचालन कर रहे थे। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 4 लाख 93 हजार रुपये नकद, 18 स्मार्टफोन, तीन लैपटॉप, एक आईपैड, 22 एटीएम कार्ड, 10 बैंक पासबुक और चार होंडा एक्टिवा सहित बड़ी मात्रा में सामग्री जब्त की है। मामले का मुख्य संचालक देवेंद्र कुमार साहू बताया जा रहा है, जिसकी तलाश में पुलिस जुटी हुई है।

दुर्ग। जिले में जुआ और ऑनलाइन सट्टे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत स्मृतिनगर चौकी, सुपेला थाना पुलिस और एसीसीयू की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की। पुलिस को सूचना मिली थी कि रूंगटा कॉलेज के पीछे जी-9 टावर के पास राजा गार्डन स्थित एक मकान से WINBUZZ ऐप के माध्यम से क्रिकेट मैचों पर ऑनलाइन दांव लगवाए जा रहे हैं।

सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने गवाहों की मौजूदगी में संबंधित मकान पर दबिश दी। पुलिस की घेराबंदी देखकर मौके पर मौजूद कुछ लोगों ने भागने की कोशिश की, लेकिन टीम ने कार्रवाई करते हुए दो युवकों को पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रकाश हरिनखेड़े (23 वर्ष) और डिकेश प्रसाद तिवारी (22 वर्ष), दोनों निवासी अर्जुन नगर, थाना वैशाली नगर, दुर्ग के रूप में हुई है।

वेतन लेकर चला रहे थे सट्टे का नेटवर्क

पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी देवेंद्र कुमार साहू अपने सहयोगियों के साथ मिलकर WINBUZZ ऐप के जरिए ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे का नेटवर्क संचालित कर रहा था। इस अवैध कारोबार में गिरफ्तार दोनों युवक मासिक वेतन के आधार पर काम करते थे। सट्टे के संचालन और पैसों के लेन-देन के लिए लैपटॉप, मोबाइल फोन, सिम कार्ड और अलग-अलग लोगों के बैंक खातों एवं एटीएम कार्ड का इस्तेमाल किया जाता था।

जांच में यह आशंका भी सामने आई है कि कुछ लोगों के बैंक खातों का उपयोग उनकी जानकारी के बिना सट्टे के लेन-देन में किया जा रहा था। पुलिस अब बैंक खातों, वित्तीय लेन-देन और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की पड़ताल कर रही है।

इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से लेकर बैंकिंग दस्तावेज तक जब्त

पुलिस ने मौके से 4 लाख 93 हजार रुपये नकद, तीन लैपटॉप, एक आईपैड और अलग-अलग कंपनियों के 18 स्मार्टफोन बरामद किए हैं। इसके अलावा 22 एटीएम कार्ड, 10 बैंक पासबुक, चार एयरटेल बैंक क्यूआर कोड स्कैनर, एक एयरटेल वाई-फाई डिवाइस और चार होंडा एक्टिवा स्कूटर भी जब्त किए गए हैं। जब्त सामग्री से सट्टा कारोबार के बड़े नेटवर्क से जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है।

मुख्य आरोपी की तलाश में जुटी पुलिस

मामले में गिरफ्तार दोनों आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम की धारा 7 तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 317(2), 317(4) और 61(2) के तहत अपराध दर्ज कर 2 नवंबर 2026 को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस मुख्य आरोपी देवेंद्र कुमार साहू सहित गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है। मामले में वित्तीय लेन-देन और अन्य संभावित कनेक्शन की जांच जारी है।

पुलिस ने नागरिकों से की अपील

दुर्ग पुलिस ने लोगों से ऑनलाइन सट्टा और जुए जैसी गैरकानूनी गतिविधियों से दूर रहने की अपील की है। पुलिस ने चेताया है कि किसी अनजान व्यक्ति को बैंक खाता, एटीएम कार्ड, पासबुक या सिम कार्ड देना कानूनी मुसीबत में डाल सकता है। बैंक खातों का किराये पर इस्तेमाल कराने या संदिग्ध लेन-देन में शामिल होने से बचें तथा ऐसी किसी गतिविधि की जानकारी मिलने पर तत्काल पुलिस को सूचित करें।