कांग्रेस जिलाध्यक्षों की रणनीतिक बैठक संपन्न: संगठन विस्तार से लेकर सड़कों पर संघर्ष तेज करने की तैयारी

मतदाता सूची पुनरीक्षण, दिल्ली महारैली की तैयारी, किसानों व आम जनता के मुद्दों पर आक्रामक आंदोलन की रूपरेखा तय

कांग्रेस जिलाध्यक्षों की रणनीतिक बैठक संपन्न: संगठन विस्तार से लेकर सड़कों पर संघर्ष तेज करने की तैयारी

राजधानी रायपुर स्थित राजीव भवन में कांग्रेस के नए जिला और शहर अध्यक्षों की पहली महत्वपूर्ण बैठक रविवार को हुई। बैठक में संगठनात्मक मजबूती से लेकर मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण अभियान की प्रगति पर विस्तृत चर्चा की गई। साथ ही पार्टी नेताओं ने स्पष्ट संकेत दिया कि अब कांग्रेस ‘बैठकों तक सीमित रहने’ के बजाय सड़कों पर उतरकर जन मुद्दों पर संघर्ष तेज करेगी।

 रायपुर। राजधानी रायपुर के राजीव भवन में कांग्रेस के नवनियुक्त जिला और शहर अध्यक्षों की पहली बैठक जोरदार तरीके से आयोजित हुई। बैठक में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान की स्थिति का मूल्यांकन किया गया। इसके साथ ही 14 दिसंबर को नई दिल्ली में प्रस्तावित ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ महारैली में व्यापक सहभागिता सुनिश्चित करने पर भी रणनीति बनी।

बैठक में यह साफ कहा गया कि संगठन को केवल औपचारिक बैठकों तक सीमित न रहकर सड़कों पर सक्रियता दिखानी होगी। धान खरीदी में किसानों की परेशानी, भूमि गाइडलाइन दरों में वृद्धि और बिजली बिलों में 400 यूनिट कटौती जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरने की बात दोहराई गई।

बैज बोले—सक्रिय रहना ही संगठन की मजबूती

कार्यक्रम में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और एआईसीसी के सचिव व छत्तीसगढ़ सह-प्रभारी जरिता लेतफ्लांग तथा विजय जांगिड़ उपस्थित रहे।

बैज ने कहा कि संगठन सृजन के इस नए चरण में सभी अध्यक्षों को बूथ से लेकर जिला स्तर तक सक्रिय रहना होगा। उन्होंने सोशल मीडिया टीम गठन, प्रकोष्ठों की नियुक्ति और दिल्ली रैली में अधिक से अधिक कार्यकर्ताओं को साथ लाने के निर्देश दिए।

महंत ने कहा—किसानों और युवा संगठनों के साथ तालमेल बढ़ाएं

नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने धान खरीदी में किसानों से कथित वसूली पर चिंता जताई। उन्होंने सेवादल को जिला स्तर पर मजबूत करने, महिला कांग्रेस, एनएसयूआई और युवा कांग्रेस के साथ साझा रणनीति बनाने और गांधी परिवार के विचारों को जनता तक पहुंचाने पर जोर दिया।

बघेल ने कहा—एसआईआर प्रक्रिया में सतर्क रहें

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने मतदाता सूची से नाम हटने की शिकायतों को गंभीरता से लेने और एसआईआर प्रक्रिया में सक्रिय रहने की बात कही। बघेल ने जमीन की गाइडलाइन दर बढ़ोतरी, संपत्ति कर वृद्धि, व्यापारियों पर पुलिस कार्रवाई और धान खरीदी की समस्याओं को लेकर सरकार के खिलाफ लगातार संघर्ष की आवश्यकता जताई।

जमीनी स्तर पर बैठकें अनिवार्य—एआईसीसी सह-प्रभारी

एआईसीसी सचिव जरिता लेतफ्लांग ने सभी जिला एवं ब्लॉक इकाइयों को नियमित बैठकें आयोजित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि पार्टी केवल जिला मुख्यालय तक सीमित न रहे और संगठनात्मक गतिविधियों की नियमित मॉनिटरिंग की जाएगी।

वहीं एआईसीसी सह-सचिव विजय जांगिड़ ने ब्लॉकों में प्रभारी नियुक्त करने और युवा संगठनों के साथ समन्वय मजबूत करने पर जोर दिया।

बैठक में रायपुर शहर के कुमार शंकर मेनन, रायपुर ग्रामीण के राजेंद्र पप्पू बंजारे सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों के नए अध्यक्ष उपस्थित रहे। कार्यक्रम में प्रदेश कांग्रेस के महामंत्री दीपक मिश्रा, सकलेन कामदार और संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला भी मौजूद थे।