बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार के विरोध में सड़कों पर उतरा दुर्ग-भिलाई: आक्रोश रैली और पुतला दहन

बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार के विरोध में सड़कों पर उतरा दुर्ग-भिलाई: आक्रोश रैली और पुतला दहन

दीपू चरण दास की हत्या को लेकर उबाल; खुर्सीपार में विशाल रैली, दुर्ग में पुतला दहन कर कार्रवाई की मांग

बांग्लादेश में हिंदू समुदाय पर कथित अत्याचार और हिंदू युवक दीपू चरण दास की हत्या के विरोध में दुर्ग जिले में आक्रोश देखने को मिला। शुक्रवार को दुर्ग और भिलाई में हिंदू संगठनों और सर्व हिंदू समाज के बैनर तले विरोध प्रदर्शन, रैली और पुतला दहन कर घटना की निंदा की गई।

 दुर्ग-भिलाई। बांग्लादेश में हिंदू समुदाय पर हो रहे कथित अत्याचारों के खिलाफ दुर्ग-भिलाई में हिंदू समाज एकजुट नजर आया। शुक्रवार, 26 दिसंबर को जिले के दो प्रमुख स्थानों पर विरोध कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें बड़ी संख्या में लोग सड़क पर उतरे और आक्रोश व्यक्त किया।

भिलाई के खुर्सीपार स्थित दुर्गा मैदान में दोपहर 3 बजे एक विशाल आक्रोश रैली निकाली गई। यह रैली श्री हनुमान चालीसा सेवा समिति खुर्सीपार, सर्व हिंदू समाज, विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित की गई। वक्ताओं ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे हमलों को मानवाधिकारों का गंभीर उल्लंघन बताते हुए अंतरराष्ट्रीय मंचों पर इस मुद्दे को उठाने की मांग की।

रैली के माध्यम से हिंदू समाज की एकता, सांस्कृतिक पहचान और धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा का संदेश दिया गया। इसमें महिलाओं, युवाओं और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों की बड़ी भागीदारी रही।

इसी क्रम में जिला मुख्यालय दुर्ग के पुराने बस स्टैंड क्षेत्र में शाम 4 बजे पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन किया गया। यह प्रदर्शन बांग्लादेश में हिंदू युवक दीपू चरण दास की हत्या के विरोध में आयोजित किया गया, जहां प्रदर्शनकारियों ने कट्टरपंथी हिंसा के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई।

प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी के जरिए भारत सरकार और अंतरराष्ट्रीय समुदाय का ध्यान इस गंभीर मुद्दे की ओर आकर्षित करने का प्रयास किया। दोनों कार्यक्रमों के मद्देनजर स्थानीय प्रशासन और पुलिस पूरी तरह सतर्क रही। सुरक्षा और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त बल तैनात किया गया, जिससे कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।