छत्तीसगढ़ में प्रशासनिक सर्जरी: 43 आईएएस अधिकारियों के विभाग बदले

कई वरिष्ठ अफसरों को अतिरिक्त जिम्मेदारी, सरकार ने विभागीय कामकाज में तेजी लाने के लिए किया व्यापक फेरबदल

छत्तीसगढ़ में प्रशासनिक सर्जरी: 43 आईएएस अधिकारियों के विभाग बदले

रायपुर।छत्तीसगढ़ सरकार ने बुधवार को बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए राज्य के 43 आईएएस अधिकारियों के प्रभार में व्यापक बदलाव किया है। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी आदेश के तहत कई वरिष्ठ अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जबकि कई विभागों में कार्य विभाजन को नए सिरे से तय किया गया है।

जारी आदेश के अनुसार, अपर मुख्य सचिव ऋचा शर्मा को पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग का प्रभार दिया गया है। इसके साथ ही उन्हें ठाकुर प्यारेलाल राज्य पंचायत एवं ग्रामीण विकास संस्थान तथा विकास आयुक्त की अतिरिक्त जिम्मेदारी भी सौंपी गई है। वहीं, अपर मुख्य सचिव मनोज कुमार पिंगुआ को वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की कमान दी गई है।

प्रमुख सचिव स्तर पर भी महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। सुबोध कुमार सिंह को ऊर्जा विभाग का दायित्व सौंपते हुए छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनी के अध्यक्ष का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। निहारिका बारिक को गृह एवं जेल विभाग की जिम्मेदारी दी गई है, जबकि शहला निगार को महिला एवं बाल विकास विभाग के साथ समाज कल्याण विभाग का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।

सचिव स्तर पर भी कई अहम बदलाव देखने को मिले हैं। डॉ. रोहित यादव को वित्त विभाग में पदस्थ करते हुए जनसंपर्क विभाग और पेंशन निराकरण समिति का अतिरिक्त दायित्व दिया गया है। डॉ. कमलप्रीत सिंह को स्कूल शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसी क्रम में परदेशी सिद्धार्थ कोमल को कृषि विकास, किसान कल्याण, जैव प्रौद्योगिकी, उद्यानिकी, मत्स्यपालन और पशुधन विकास जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी दी गई है। रीना बाबा साहेब कंगाले को राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के साथ वाणिज्यिक कर (आबकारी) का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।

अन्य नियुक्तियों में अविनाश चंपावत को उच्च शिक्षा विभाग, मुकेश कुमार बंसल को लोक निर्माण विभाग, विमानन विभाग और मुख्यमंत्री सचिवालय के साथ छत्तीसगढ़ रोड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। अलरमेलमंगई डी. को नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं अंकित आनंद को आवास एवं पर्यावरण विभाग में पदस्थ करते हुए वाणिज्यिक कर (पंजीयन) विभाग के अतिरिक्त प्रभार से मुक्त किया गया है।

सरकार के इस बड़े प्रशासनिक फेरबदल को राज्य में सुशासन को मजबूत करने और विभागीय कार्यों में तेजी लाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। शासन द्वारा जारी आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।