धूप के बीच अचानक बरसे बादल, दुर्ग में ओलावृष्टि के साथ तेज बारिश

करीब एक घंटे तक बदला मौसम का मिजाज, सड़कों पर दिखे ओले; उमस से मिली राहत, 8 अक्टूबर से मौसम साफ रहने के आसार

धूप के बीच अचानक बरसे बादल, दुर्ग में ओलावृष्टि के साथ तेज बारिश

दुर्ग-भिलाई। दुर्ग जिले में बुधवार शाम मौसम ने अचानक करवट ली। दिनभर गर्मी और उमस के बाद शाम को कई इलाकों में तेज बारिश शुरू हो गई। खास बात यह रही कि बारिश के दौरान कुछ स्थानों पर धूप भी दिखाई देती रही। बारिश के साथ छोटे आकार के ओले गिरने से मौसम का मिजाज और बदल गया। करीब एक घंटे तक हुई बारिश के कारण शहर की सड़कें पानी से तर हो गईं और खुले स्थानों पर ओलों की परत नजर आई।

अचानक बदले मौसम से बाजार और सड़कों पर आवाजाही कर रहे लोगों को परेशानी हुई। बारिश की तीव्रता बढ़ने पर कई दोपहिया वाहन चालक रास्ते में रुककर मौसम सामान्य होने का इंतजार करते नजर आए। कुछ देर तक तेज हवा, बारिश और ओलावृष्टि का दौर चलता रहा।

उमस के बाद ठंडी हवा से राहत

पिछले कुछ दिनों से दुर्ग में गर्मी के साथ उमस का असर बना हुआ था। बुधवार को भी दिन में लोगों को चिपचिपी गर्मी महसूस हुई। शाम को बारिश के साथ चली ठंडी हवा ने तापमान में गिरावट का अहसास कराया और लोगों को उमस से कुछ राहत मिली। दुर्ग कलेक्टोरेट परिसर समेत कुछ अन्य क्षेत्रों में छोटे-छोटे ओले गिरने की जानकारी सामने आई।

अचानक हुई ओलावृष्टि का असर खेतों और बगीचों में खड़ी फसलों पर पड़ सकता है। सब्जियों, फलदार पौधों और कोमल फसलों को ओले नुकसान पहुंचा सकते हैं। हालांकि नुकसान का वास्तविक आकलन स्थानीय स्तर पर निरीक्षण के बाद ही स्पष्ट होगा।

34 डिग्री के आसपास रहा दिन का तापमान

मंगलवार को दुर्ग में अधिकतम तापमान 33.6 डिग्री और न्यूनतम तापमान 22 डिग्री दर्ज किया गया था। बुधवार को भी दिन का तापमान करीब 34 डिग्री के आसपास रहा। दिन और रात के तापमान में करीब 12 डिग्री का अंतर बना हुआ है। बारिश के बाद कुछ समय के लिए तापमान नीचे आया, लेकिन वातावरण में नमी बढ़ने से उमस का असर फिर महसूस हो सकता है।

आगे मौसम साफ रहने की संभावना

मौसम विभाग के अनुसार 7 अक्टूबर की शाम या रात में बारिश और गरज-चमक की संभावना बनी हुई थी। इसके बाद 8 अक्टूबर से मौसम मुख्य रूप से साफ रहने का अनुमान है। 8 से 12 अक्टूबर के दौरान आसमान साफ रहने की संभावना जताई गई है। हालांकि स्थानीय स्तर पर बादल बनने की स्थिति में मौसम में अचानक बदलाव से इनकार नहीं किया जा सकता।